लाखूउडियार अल्मोड़ा इतिहास एवं पर्यटन | Lakhudiyar Rock Paintings Almora in Hindi

Spread the love

Lakhudiyar Rock Paintings Almora in Hindi | Lakhudiyar Cave Paintings Almora | लाखूउडियार उत्तराखंड राज्य के अल्मोड़ा शहर से लगभग 13 किलोमीटर दूर अल्मोड़ा-पिथौरागढ़ मार्ग पर स्थित एक प्राचीन गुफा हैं। गुफा के भीतर एक विशाल चट्टान पर प्राचीन चित्र देखे जा सकते हैं माना जाता है कि यह चित्र प्रागैतिहासिक काल में आदिमानव द्वारा बनाए गए थे।
लखुउडियार में बने शैल चित्रों की काफी मान्यता है। सुयाल नदी के किनारे स्थित यह स्थल भारतीय पुरातत्व विभाग के द्वारा संरक्षित है।
एक पड़े से पत्थर पर बने शैल चित्रों में शिकार करते हुवे मानवों के चित्र , मछली के चित्र और भी अनेक प्रकार के चित्र बने हुवे है। ये चित्र लाल रंग के किसी परमानेंट पेण्ट जैसे पदार्थ से बने मासूस होते है।

Cave_Paintings_Lakhudiyar,_Almora

लाखूउडियार अल्मोड़ा का इतिहास | Lakhudiyar Cave Paintings History in Hindi

मनुष्य हमेशा से ही अपने विचारों एवं भावनाओं को चित्रकारी या फिर संगीत के माध्यम से अभिव्यक्त करता रहा है ।
पूर्व पाषाण काल में जब मनुष्य घर, वस्त्र और आश्रय से परिचित भी नहीं था तब भी मानवों ने गुफा की दीवारों पर चित्र अंकित कर अपनी रचनात्मकता एवं कला का परिचय दिया था।

माना जाता है अपनी यात्रा के दौरान आंधी तूफान या बारिश के चलते लोग इस जगह पर रुक गए होंगे तो उन्होंने इस पहाड़ी पर रहकर अपने दिन गुजारे और उन्हीं दिनों के दौरान उन्होंने बनाये थे हमारे देश में ऐसी अनेकों ऐसी गुफाएं एवं कंदराएँ है, जिसमें आदिमानव ने अपने विचारों को दर्शाया है अल्मोड़ा का लखुउडियार भी उन्ही में से एक है। आज के समय में लखुउडियार में कोई भी व्यक्ति आते जाते रुक सकता हैं। इस ऐतिहासिक महत्व के स्थान के रख-रखाव के ज्यादा पुख्ता इंतजाम नहीं है , लोग उस पत्थर में जाते है उन चित्रों में हाथ लगते है इस वजह से उनका कलर कम होता जा रहा है।

अगर इनके रख -रखाव के पुख्ता इंतजाम नहीं किये गए तो ये ऐतिहासिक महत्व का स्थल भी शीघ्र ही खत्म हो जायेगा

कैसे पहुंचे लखुउडियार  | How to Reach Lakhudiyar Rock Paintings Almora

लखुउडियार पहुंचने के लिए आपको अल्मोड़ा आना होगा अल्मोड़ा से लगभग १० किलोमीटर अल्मोड़ा-पिथौरागढ़ रोड पर स्थित है
यदि आप पिथौरागढ़ से अल्मोड़ा की तरफ आ रहे है तो अल्मोड़ा से १० किलोमीटर पहले पेठसाल नामक बस्ती के पास ही लाखुउडियर गुफा मौजूद है।


Article By Laxmi Garkoti  HindiWall

*********************

हिन्दीवाल के अन्य सम्बंधित लेख
रीठा साहिब गुरुद्वारा ( Reetha Sahib Gurudwara )
चौथी की जाली मुक्तेश्वर (Chouthi Ki Jali)
चितई गोलू देवता मंदिर अल्मोड़ा  (Chitai Golu Devta Mandir)
मुक्तेश्वर टूर गाइड एवं इतिहास ( Mukteshwar Toure Gide and History)

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *